नई दिल्ली. देश की तीसरी बड़ी आईटी कंपनी विप्रो (Wipro) के चेयरमैन अजीम प्रेमजी (Azim Premji) ने 52,750 करोड़ रुपए के अपने शेयर अजीम प्रेमजी फाउंडेशन (Azim Premji Foundation) को दान कर दिए हैं। इसका मतलब है कि इन शेयरों के एवज में होने वाले लाभ को फाउंडेशन से जुड़ी गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किया जाएगा। ब्लूमबर्ग के मुताबिक अजीम प्रेमजी (Azim Premji) 18.6 अरब डॉलर की दौलत के साथ भारत के दूसरे सबसे बड़े अमीर हैं।
अब तक किया 1.45 लाख करोड़ रुपए का दान
अजीम प्रेमजी फाउंडेशन (Azim Premji Foundation) ने बुधवार को एक बयान जारी कर कहा कि इस दान के बाद अजीम प्रेमजी (Azim Premji) द्वारा परोपकार और धर्मार्थ गतिविधियों के लिए दान की गई रकम बढ़कर 1.45 लाख करोड़ रुपए या 21 अरब डॉलर के स्तर तक पहुंच गई है। इस प्रकार अजीम प्रेमजी विप्रो (Wipro) के कुल 67 फीसदी शेयर दान कर चुके हैं।फैमिली ने ठुकराया था जिन्ना का ऑफर
दिलचस्प है कि अजीम प्रेमजी उस फैमिली से आते हैं, जिसने बंटवारे के दौर में पाकिस्तान के फाउंडर मुहम्मद अली जिन्ना (Muhammad Ali Jinnah) के फाइनेंस मिनिस्टर बनाने के ऑफर को ठुकराकर भारत में रहना पसंद किया था। गौरतलब है कि यह ऑफर अजीम प्रेमजी के पिता मोहम्मद हाशिम प्रेमजी को मिला था। हाशिम प्रेमजी अपने दौर में चावल और कुकिंग ऑयल के मशहूर कारोबारी हुआ करते थे। उन्हें राइस किंग ऑफ बर्मा कहा जाता था। कॉरपोरेट जगत में वह इसी नाम से मशहूर थे।