प्रतिष्ठित तानसेन समारोह में ख्यातिनाम संगीत मनीषी बिखेरेंगे स्वर लहरियाँ कलाकारों के नाम तय
ग्वालियर 19 दिसम्बर 2020/ “तानसेन समारोह” की तैयारियाँ जारी हैं। भारतीय शास्त्रीय संगीत के क्षेत्र में देश का सर्वाधिक प्रतिष्ठित यह समारोह संगीत की नगरी ग्वालियर में 26 से 30 दिसम्बर तक आयोजित होगा। समारोह में देश एवं विदेश से आ रहे ब्रम्हनाद के शीर्षस्थ साधक गान मनीषी तानसेन को स्वरांजलि अर्पित करेंगे। इस साल के तानसेन समारोह में प्रस्तुति देने वाले कलाकारों की सूची जारी कर दी गई है। मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग के लिये उस्ताद अलाउद्दीन खाँ संगीत एवं कला अकादमी द्वारा तानसेन समारोह का आयोजन किया जाता है।
इस बार के समारोह में कुल 8 संगीत सभायें होंगी। पहली 7 संगीत सभायें सुर सम्राट तानसेन की समाधि एवं मोहम्मद गौस के मकबरा परिसर में भव्य एवं आकर्षक मंच पर सजेंगीं। समारोह की आठवी एवं आखिरी सभा सुर सम्राट तानसेन की जन्मस्थली बेहट में झिलमिल नदी के किनारे सजेगी। तानसेन समारोह की प्रात:कालीन संगीत सभाएं प्रात: 10 बजे और सायंकालीन सभाएं अपरान्ह 4 बजे शुरू होंगीं।
इस बार भी विश्व संगीत की प्रस्तुतियाँ होंगी आकर्षण का केन्द्र
इस बार के संगीत समारोह में भी गत वर्ष की भाँति विश्व संगीत को भी शामिल किया गया है। समारोह में अंतर्राष्ट्रीय ख्याति प्राप्त विदेशी संगीत साधक प्रस्तुतियाँ देंगे।
हरिकथा व मीलाद गायन से होगा शुभारंभ
गान महर्षि तानसेन की स्मृति में आयोजित होने वाले “तानसेन समारोह” के अपने अलग ही रंग हैं । समारोह के शुभारंभ दिवस को प्रात: काल में तानसेन की समाधि पर सामाजिक समरसता के सजीव दर्शन होते हैं । इस बार भी 26 दिसम्बर को प्रात: काल पारंपरिक रूप से हरिकथा व मीलाद गायन, शहनाई वादन और चादरपोशी के साथ “तानसेन समारोह” का पारंपरिक शुभारंभ होगा।
यह है संगीत सभाओं का ब्यौरा
26 दिसम्बर 2020 (प्रात: 10 बजे)
पारंपरिक कार्यक्रम हरिकथा एवं मीलाद
26 दिसम्बर 2020 शुभारंभ (अपरान्ह 4 बजे)
समाधि स्थल हजीरा, ग्वालियर
26 दिसम्बर 2020 प्रथम सभा (अपरान्ह 4 बजे)
माधव संगीत महाविद्यालय – ध्रुपद गायन
देवकी पंडित – गायन
संजय कुमार मलिक – ध्रुपद गायन
अभिषेक लहरी – सरोद
27 दिसम्बर 2020 द्वितीय सभा (प्रात: 10 बजे)
शंकर गंधर्व संगीत महाविद्यालय – ध्रुपद गायन
अभय रूस्तम सोपोरी – संतूर वादन
मो. अमान खाँ – गायन
अब्दुल मजीद खाँ एवं अब्दुल हमीद खाँ – सारंगी जुगलबंदी
देवानंद यादव – ध्रुपद गायन
27 दिसम्बर 2020 तृतीय सभा (अपरान्ह 4 बजे)
भारतीय संगीत महाविद्यालय – ध्रुपद गायन
डेनियल रावि रैंजेल मैक्सिको – विश्व संगीत
विवेक कर्महे – गायन
पुष्पराज कोष्टि एवं भूषण कोष्टि – सुरबहार जुगलबंदी
धनंजय जोशी – गायन
28 दिसम्बर 2020 चतुर्थ सभा (प्रात: 10 बजे)
तानसेन संगीत महाविद्यालय – ध्रुपद गायन
कमल कामले – वायोलिन
श्रीकांत कुलकर्णी – बांसुरी
संजीव अभ्यंकर – गायन
पं. रामजीलाल शर्मा – पखावज
28 दिसम्बर 2020 पंचम सभा (अपरान्ह 4 बजे)
ध्रुपद केन्द्र – ध्रुपद गायन
दारूष अलंजारी, हमता बागी, मैशम्म अलीनागियान, ईरान – विश्व संगीत
प्रशांत एवं निशांत मलिक – ध्रुपद गायन
सुनील पावगी – गिटार
गणेश मोहन एवं रूपक कुलकर्णी – सितार एवं बांसुरी जुगलबंदी
29 दिसम्बर 2020 षष्टम सभा (प्रात: 10 बजे)
साधना संगीत महाविद्यालय – ध्रुपद गायन
मधु भट्ट तैलंग – ध्रुपद गायन
यश देवले – गायन
सुगातो भादुडी – मैन्डोलिन
कावालम श्रीकुमार – गायन
29 दिसम्बर 2020 सप्तम सभा (अपरान्ह 4 बजे)
राजा मानसिंह तोमर संगीत एवं कला विश्वविद्यालय – ध्रुपद गायन
स्टीफन काय, यू.के. – विश्व संगीत
साधना देशमुख मोहिते – गायन
प्रो. पण्डित साहित्य कुमार नाहर – सितार
पण्डित राजन – साजन मिश्र – गायन
30 दिसम्बर 2020 – अष्टम सभा – बेहट (प्रात: 10 बजे)
तानसेन संगीत कला केन्द्र – ध्रुपद गायन
शारदा नाथ मंदिर – ध्रुपद गायन
जगत नारायण शर्मा – पखावज
हेमांग कोल्हटकर – गयान
सोमबाला सातले कुमार – ध्रुपद गायन
टिप्पणी :
वादी – संवादी
• 28 दिसम्बर 2020 (अपरान्ह 1.30 बजे से 2.30 बजे तक) वादी-संवादी के अंतर्गत प्रसिद्ध सितार वादक डॉ. अश्विन महेश दलवी का सोदाहरण व्याख्यान राजा मानसिंह तोमर विश्वविद्यालय में सम्पन्न किया जायेगा।
प्रणति
• 2020 में अब तक हमसे बिछड़ी कला एवं साहित्य की विभूतियों को भावांजलि ।
• छायाचित्र प्रदर्शनी ।