भारत और इंग्लैंड के बीच लॉर्ड्स टेस्ट मैच में ज़ैक क्रॉली के साथ हुई बहस को लेकर मंगलवार को कप्तान शुभमन गिल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बयान दिया है.
उन्होंने ज़ैक क्रॉली के साथ हुई बहस को लेकर कहा “बहुत से लोग इसके बारे में बात कर रहे हैं. मैं एक बार और सभी के लिए क्लियर कर दूं. इंग्लिश बल्लेबाजों के पास खेलने के लिए 7 मिनट बचे थे लेकिन वे 90 सेकेंड की देरी से आए.”
उन्होंने कहा कि वह 10-20 सेकेंड नहीं बल्कि वे पूरे 90 सेकेंड देर से मैदान पर पहुंच थे. हां, ज्यादातर टीमें यही (देरी करने की रणनीति) करती हैं.
उन्होंने कहा, “अगर हम इस स्थिति में होते तो हम भी कम ओवर खेलना पसंद करते लेकिन ऐसा करने का एक तरीका होता है. अगर गेंद शरीर पर लगती है तो फिजियो को मैदान पर आने की इजाजत है. यह उचित भी है लेकिन मुझे नहीं लगता कि क्रीज पर 90 सेकेंड देर से आना खेल भावना के अनुरूप है.”
गिल ने कहा, “उस घटना से ठीक पहले, बहुत सी ऐसी चीजें हुईं, जिनके बारे में हमें लगता था कि उन्हें नहीं होना चाहिए था, लेकिन वे हुईं, मैं यह नहीं कहूंगा कि मुझे इस पर बहुत गर्व है.”
उन्होंने कहा, “लेकिन इसकी भूमिका थी, यह अचानक नहीं हुआ और हमारा ऐसा करने का कोई इरादा नहीं था.”
भारतीय कप्तान ने कहा, “लेकिन बात बस इतनी है कि आप एक मैच खेल रहे हैं, आप जीतने के लिए खेल रहे हैं और इसमें बहुत सारी भावनाएं शामिल होती हैं और जब आप देखते हैं कि कुछ ऐसी चीजें हो रही हैं जो नहीं होनी चाहिए तो कभी-कभी भावनाएं अचानक से आ जाती हैं.”