प्रवीण दुबे
इसे दुर्भाग्य ही कहा जाएगा कि आज जिसे केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सर्वदलीय बैठक की संज्ञा दी उसी बैठक में ग्वालियर के भाजपा सांसद भारत सिंह कुशवाह नजर नहीं आए

ग्वालियर में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक लेते केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया
हालांकि ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि भाजपा के भीतर चल रहे मनमुटाव का प्रमाण सार्वजनिक रूप से दिखाई दिया है।
कभी ये तो कभी वो इसी तरह से अनुशासन की धज्जियां उड़ाते नजर आए हैं,
खैर छोड़िये आज हम पार्टी में तार तार होते अनुशासन की चर्चा नहीं कर रहे हमारा फोकस तो केवल उस बैठक पर केंद्रित है जो बीते 48 घंटों से हर उस ग्वालियर वासी की जुबान पर थी जो नरक होते जा रहे ग्वालियर की अव्यस्थाओं से परेशान है।
उसकी आशा उस वक़्त से और बढ़ गई थी जब आज की बैठक से चंद घंटे पहले ही ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सार्वजनिक रूप से यह कहा था सड़कों की हालत तो वास्तव में बहुत खराब है।
इसके बाद हर ग्वालियर वासी के मन में उम्मीद जगी थी कि अब आज ही युद्धस्तर पर काम के निर्देश जारी होंगे और धरातल पर आज से ही उसका असर देखने को मिलेगा
लेकिन अफ़सोस “दिल के अरमा आसुओं में बह गए” बैठक के बाद जो जानकारी दी गई उसके मुताबिक अभी तो मामला हरा पीला लाल पर ही अटका हुआ है,जनता नरक की दुर्दशा से बेहाल है और साहब लोगों को अब तक यह नहीं मालूम की कौन सी सड़क को दुर्दशा के किस स्तर पर रखना है, और जब इस पर कोई अखबार नवीस सड़कों पर पानी भरा होने की तरफ ध्यानाकर्षित करता है तो जवाब मिलता है मुझे मालुम है आप मसाला ढूंढ रहे हो आज में आपको मसाला नहीं दूंगा।
बड़ा सवाल तो यह है कि मसाला तो सबसे पहले आप ही के मंत्री,प्रभारी मंत्री ने मुख्यमंत्री के सामने ही दे दिया था
आपने खुद ही बीते रोज सड़कों की दुर्दशा की सच्चाई को स्वीकार किया था। बड़ा सवाल कि क्या आज की बैठक में मौजूद नौकरशाही से नहीं पूछा जाना चाहिए था कि प्रदेश सरकार के केबिनेट मंत्री की पीढ़ा में सच्चाई है या फिर वे मुख्यमंत्री के सामने झूठ बोल रहे थे ?
क्या यह नहीं पूछा जाना चाहिए था कि सारी सुख सुविधाओं का उपभोग करने वाली नौकरशाही लम्बे समय से दुर्दशा झेल रही जनता की मुश्किलों के आधार पर अब तक प्राथमिकताओं का हरा पीला चार्ट क्यों तैयार नहीं कर पाई ?
अगर यह आज तैयार होता तो मुद्दा अगली बैठक तक नहीं टालना पड़ता और तुरंत ही सड़कों के नरक को सुधारने का काम शुरु हो जाता दुर्भाग्य नौकरशाही मस्त है, जनता त्रस्त है और आप मसाला देना नहीं चाहते।
उल्लेखनीय है कि प्रदेश सरकार के दो मंत्रियों प्रद्युमन सिंह तोमर और तुलसी सिलावट की शिकायत के बाद अब आज केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया विकास कार्यों की समीक्षा बैठक ले रहे थे बैठक में
ग्वालियर जिले में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा प्रस्तावित थी समीक्षा बैठक में केन्द्रीय संचार एवं उत्तर-पूर्वी क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया
मंत्रीगण, प्रभारी मंत्री महापौर सांसद, विधायकगण, सभापति सहित अन्य जनप्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया गया था
पिछले दिनों कैबिनेट की भोपाल में आयोजित बैठक के बाद मुख्यमंत्री के सामने ग्वालियर की दुर्दशा पर शिकायत कर चुके मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर और इसपर सहमति जता चुके प्रभारी मंत्री तुलसी सिलावट बाद आज की बैठक पर सबकी निगाह थी।