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	<title>आवास &#8211; Shabd Shakti News</title>
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	<description>Every News Speaks</description>
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		<title>9 लाख से अधिक ग्रामीण आवास तैयार, मार्च तक तैयार हो जायेंगे 51 लाख</title>
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		<dc:creator><![CDATA[Praveen Dubey]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 20 Nov 2017 18:30:52 +0000</pubDate>
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		<category><![CDATA[आवास]]></category>
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					<description><![CDATA[बड़ौदरा, 20 नवंबर. गुजरात विधानसभा चुनाव के सहप्रभारी तथा केन्द्रीय पंचायतीराज, ग्रामीण विकास एवं खनन मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने *विश्व शौचालय दिवस* के परिपेक्ष्य में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने एक साल पहले 20 नवंबर, 2016 को आगरा से ‘प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)’ का [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>बड़ौदरा, 20 नवंबर.<br />
       गुजरात विधानसभा चुनाव के सहप्रभारी तथा केन्द्रीय पंचायतीराज, ग्रामीण विकास एवं खनन मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने *विश्व शौचालय दिवस* के परिपेक्ष्य में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि<br />
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने एक साल पहले 20 नवंबर, 2016 को आगरा से ‘प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)’ का शुभारंभ किया था। लाभार्थियों के पंजीकरण, भू-टैगिंग और खाता सत्&#x200d;यापन के बाद एक करोड़ नये मकानों का निर्माण कार्य 31 मार्च, 2019 तक पूरा करने का लक्ष्&#x200d;य रखा गया था, जिसमें से 51 लाख मकानों का निर्माण कार्य 31 मार्च, 2018 तक पूरा करने का लक्ष्&#x200d;य रखा गया था।<br />
इस योजना के शुभारंभ के बाद लाभार्थियों के पंजीकरण, भू-टैगिंग, खाता सत्&#x200d;यापन, इत्&#x200d;यादि की प्रक्रिया पूरी करने में कुछ महीने लग गये। 55.85 लाख मकानों को पहले ही मंजूरी दी जा चुकी है और इस दिशा में कार्य प्रगति पर है। इनमें से लगभग 30 लाख मकानों का निर्माण कार्य छत तक पूरा हो चुका है, जबकि 15 लाख मकानों का निर्माण कार्य अपने अंतिम चरण में है। 20 नवम्&#x200d;बर, 2017 तक 9.03 लाख मकानों का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। यह उम्&#x200d;मीद की जा रही है कि प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत 10 लाख मकानों का निर्माण कार्य 30 नवम्&#x200d;बर 2017 तक तथा 51 लाख मकानों का निर्माण 31 मार्च 2018 तक पूरा हो जायेगा.<br />
श्री तोमर ने कहा कि नये डिजाइनों, स्&#x200d;थानीय भवन निर्माण सामग्री, ग्रामीण क्षेत्रों में कार्यरत राजमिस्त्रियों के प्रशिक्षण, परिसम्&#x200d;पत्तियों की भू-टैगिंग और आईटी-डीबीटी प्&#x200d;लेटफॉर्म के जरिये लाभार्थियों के खातों में भुगतान सीधे भेजने से पारदर्शितापूर्ण, बाधामुक्&#x200d;त और गुणवत्&#x200d;तापूर्ण कार्यक्रम क्रियान्&#x200d;वयन सुनिश्चित हुआ है।<br />
     उन्होंने कहा कि सभी राज्य और केन्द्र शासित प्रदेश संबधित लाभार्थियों की सहूलियत के लिए अथक प्रयास कर रहे हैं ताकि उनके मकानों का निर्माण कार्य समय पर पूरा हो सके। सामाजिक-आर्थिक जनगणना (एसईसीसी 2011) के उपयोग, ग्राम सभा द्वारा सत्&#x200d;यापन और भू-टैगिंग के लिए अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी से इसमें न्&#x200d;यूनतम समावेशी त्रुटियां सुनिश्चित हुई हैं।<br />
श्री तोमर ने कहा कि इस गरीब हितैषी कार्यक्रम के तहत केवल वही लोग लाभार्थी हैं, जो बेघर हैं अथवा कच्&#x200d;ची छत एवं एक कमरे वाले कच्&#x200d;चे घरों में या कच्&#x200d;ची छत एवं दो कमरों वाले कच्&#x200d;चे घरों में रहते हैं। गरीबों को सशक्&#x200d;त करने के लिए प्रौद्योगिकी का इस्&#x200d;तेमाल किया गया है। सामान्&#x200d;य मौजूदा स्&#x200d;थानीय डिजाइनों का अध्&#x200d;ययन करने के बाद सर्वश्रेष्&#x200d;ठ संस्&#x200d;थानों द्वारा इन घरों के डिजाइन तैयार किये गये हैं। इन मकानों का निर्माण लाभार्थियों द्वारा अपनी जरूरतों के अनुसार किया जाता है। इन मकानों से न केवल ग्रामीण परिदृश्&#x200d;य बदल रहा है, बल्कि देश भर के गांवों में सामाजिक बदलाव भी सुनिश्चित हो रहा है। गरीबों को सुरक्षित घर मिल रहे हैं और अब वे शौचालय, एलपीजी कनेक्&#x200d;शन, बिजली कनेक्&#x200d;शन, पेयजल सुविधा इत्&#x200d;यादि के साथ सम्&#x200d;मान से जीवन यापन कर सकते हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत गवर्नेंस संबंधी सुधारों और विकास पर इस्&#x200d;पात एवं सीमेंट की बढ़ती मांग के असर का अध्&#x200d;ययन नई दिल्&#x200d;ली स्थित राष्&#x200d;ट्रीय सार्वजनिक वित्&#x200d;त एवं नीति संस्&#x200d;थान द्वारा किया जा रहा है।</p>
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