कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान सहित अधिकारियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों ने रोपे विभिन्न प्रजातियों के पौधे
सेवा-संकल्प अभियान एवं स्वामित्व अधिकार अभिलेख व निष्पादन अभियान की जानकारी भी दी
ग्वालियर, 16 सितम्बर 2026/ “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत बुधवार को कलेक्ट्रेट परिसर में सामूहिक वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान सहित जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों ने कलेक्ट्रेट परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर पौधों की देखभाल एवं उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया गया।
वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक अभियान तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि यह हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। प्रत्येक व्यक्ति को पौधारोपण के साथ-साथ रोपे गए पौधों की नियमित देखभाल और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में भी सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान को जनभागीदारी से जोड़ते हुए अधिक से अधिक लोगों से पौधे लगाने और उनके संरक्षण के लिए आगे आने का आह्वान किया।
इस अवसर पर कलेक्टर श्रीमती चौहान ने मीडिया प्रतिनिधियों से जिले में 17 सितंबर से शुरू होने जा रहे “सेवा–संकल्प अभियान” के संबंध में भी विस्तार से जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि अभियान के माध्यम से जनसेवा और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न कार्यों को व्यापक जनभागीदारी के साथ आगे बढ़ाया जाएगा । अभियान के तहत समाज के विभिन्न वर्गों को जोड़कर सेवा एवं जनकल्याण की गतिविधियों को गति दी जाएगी ।
कलेक्टर ने “मध्य प्रदेश स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन अभियान” के संबंध में भी मीडिया प्रतिनिधियों को जानकारी दी। उन्होंने अभियान के उद्देश्यों और इसके माध्यम से पात्र हितग्राहियों को स्वामित्व अधिकारों से संबंधित लाभ तथा पंजीयन (रजिस्ट्री) की प्रक्रिया के बारे में बताया।
इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अभिषेक चौधरी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सोजान सिंह रावत, एमपी आईडीसी की सीईओ श्रीमती अनीषा श्रीवास्तव, अपर आयुक्त नगर निगम श्री टी प्रतीक राव, वन मंडल अधिकारी श्री मुकेश पटेल, अपर कलेक्टर श्री सी सी प्रसाद व श्री अनिल बावरिया, एसडीएम श्री अतुल सिंह अपर आयुक्त नगर निगम श्री प्रदीप तोमर व श्री मुनीष सिकरवार समेत जिला प्रशासन के अन्य अधिकारी मौजूद थे।