अमित शाह के बेटे जय शाह पर एक विवादित रिपोर्ट दिखाने और उसके बाद शाह की ओर से शुरू की गई कानूनी कार्यवाही ने एन डी टीवी के होश उड़ा दिए हैं इसी के चलते टीवी ने उस रिपोर्ट को अपने चैनल से हटा दिया है। हालांकि अभी भी यू टयूब पर यह उपलब्ध है।
एनडीटीवी को “कानूनी नुक्ताचीनी” के लिए बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के बेटे जय शाह पर की गयी रिपोर्ट को अपनी वेबसाइट से हटाना पड़ा है। ये जानकारी खुद चैनल के मैनेजिंग एडिटर श्रीनिवासन जैन ने सोशल मीडिया पर दी। जैन ने अपने ट्वीट में बताया, “एक हफ्ते पहले जय शाह की कंपनी को दिए गये लोन पर मानस प्रताप सिंह और मेरे द्वारा की गयी एक रिपोर्ट को एनडीटीवी की वेबसाइट से हटाया गया था।” जैन ने बताया कि एनडीटीवी के वकीलों ने उन्हें बताया कि उस रिपोर्ट की “कानूनी नुक्ताचीनी” की जा रही है।
जैन ने लिखा, “एनडीटीवी के वकीलों ने कहा कि इसकी “कानूनी नुक्ताचीनी” के लिए इसे हटाना पड़ेगा। अभी तक ये रिपोर्ट वापस नहीं लगी है। ये बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है क्योंकि रिपोर्ट पूरी तरह सार्वजनिक रूप से मौजूद तथ्यों पर आधारित है। इसमें किसी तरह का निराधार या अवांछित आरोप नहीं लगाया गया है। ऐसे हालत में पत्रकारों के लिए काफी मुश्किल है। अभी मैं इसे एक परेशानी भर मान रहा हूं और फिलहाल हमेशा की तरह एनडीटीवी पर पत्रकारिता जारी रखूँगा। मैंने ये बातें एनडीटीवी को भी बता दी है।”
स्क्रॉल वेबसाइट के अनुसार जैन की रिपोर्ट “लोन्स टू जय शाह: क्रोनिइज्म ऑफ बिजनेस एज यूजुअल?” नौ अक्टूबर को एनडीटीवी पर प्रसारित हुई थी। बाद में उसे चैनल की वेबसाइट पर से हटा दिया गया। हालांकि जैन की रिपोर्ट उसी दिन एनडीटीवी के यूट्यूब चैनल पर अपलोड की गयी थी जो अब भी मौजूद है। एनडीटीवी ने 12 अक्टूबर को ट्वीट किया कि रिपोर्ट की “कानूनी नुक्ताचीनी” की जा रही है।