ग्वालियर 30 मई 2026/ हिंदू कैलेंडर के अनुसार, ज्येष्ठ और आषाढ़ का महीना धार्मिक दृष्टिकोण से अत्यंत पवित्र और महत्वपूर्ण माना जाता है। जून 2026 का महीना भी व्रत-त्योहारों के लिहाज से बेहद खास रहने वाला है। इस महीने में सनातन धर्म के कई बड़े और कठिन व्रत रखे जाएंगे, जिनमें साल की सबसे बड़ी एकादशी ‘निर्जला एकादशी’ और अखंड सौभाग्य का प्रतीक ‘वट पूर्णिमा व्रत’मुख्य हैं। अगर आप भी जून महीने में पड़ने वाले व्रत और त्योहार के बारे में जानने चाहते हैं तो आइए आपको विस्तार से बताते हैं।
जून महीने में पड़ने वाले व्रत और त्योहार
3 जून (बुधवार): संकष्टी चतुर्थी व्रत
7 जून (रविवार): अधिक भानु सप्तमी
8 जून (सोमवार): मासिक कृष्ण जन्माष्टमी
11 जून (गुरुवार): परम एकादशी व्रत
12 जून (शुक्रवार): प्रदोष व्रत
13 जून (शनिवार): मासिक शिवरात्रि
14 जून (रविवार): अमावस्या
15 जून (सोमवार): मिथुन संक्रांति (इसी दिन अधिकमास खत्म हो जाएगा)
17 जून (बुधवार): महाराणा प्रताप जयंती
21 जून (रविवार): भानु सप्तमी (यह साल का सबसे बड़ा दिन भी होगा)
22 जून (सोमवार): दुर्गाष्टमी व्रत
25 जून (गुरुवार): निर्जला एकादशी व्रत और गायत्री जयंती
27 जून (शनिवार): शनि प्रदोष व्रत
29 जून (सोमवार): वट पूर्णिमा व्रत और ज्येष्ठ पूर्णिमा
30 जून (मंगलवार): आषाढ़ महीने की शुरुआत
जून महीने में पड़ने वाली एकादशी तिथि
परमा एकादशी तिथि- 2 जून 2026
निर्जला एकादशी तिथि- 25 जून 2026
जून में पड़ने वाले त्योहारों का महत्व
पौराणिक कथा के अनुसार, महाभारत काल में भीमसेन ने केवल इसी एक एकादशी का व्रत रखकर साल की सभी एकादशियों का पुण्य प्राप्त किया था, इसलिए इसे ‘भीमसेनी एकादशी’ भी कहते हैं। माना जाता है कि इस व्रत से दीर्घायु और मोक्ष की प्राप्ति होती है।भीषण गर्मी के महीने में पानी के महत्व को समझाने और आत्म-नियंत्रण को बढ़ाने के लिए यह व्रत सबसे शुभ माना जाता है।