भोपाल /मध्यप्रदेश में भाजपा ने अपने 6 सम्भाग स्तरीय संगठन मंत्रियों को उनके दायित्व से मुक्त्त कर दिया है फिलहाल पार्टी ने इन्हें प्रदेश कार्यसमिति सदस्य की जिम्मेदारी से नवाजा है।
इस बदलाव की चर्चा संगठन स्तर पर पहले से ही थी क्योंकि पार्टी पहले ही संभागीय स्तर पर संगठन मंत्रियों की तैनाती अब नहीं करने का निर्णय ले चुकी है। कई प्रदेशों में काफी पहले ही संभागीय संगठन मंत्रियों को चलता किया जा चुका था और मध्यप्रदेश में यह निर्णय रुका हुआ था। इसके पीछे की मुख्य वजह इन संगठन मंत्रियों का मुख्यमंत्री शिवराज सिंह का नजदीकी होना था। यूं तो किसी भी राजनीतिक दल के भीतर संगठनात्मक फेर बदल होना एक सामान्य प्रक्रिया है लेकिन भाजपा में संगठन मंत्रियों को हटाकर प्रदेश कार्य समिति सदस्य की जिम्मेदारी दिए जाने की इस कारण जोरदार चर्चा है क्यों कि यहां संगठन मंत्री का ओहदा बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है और इस पद पर तैनात व्यक्ति पूर्णकालिक प्रचारक रहकर कार्य करता है इतना ही नहीं इनका नियंत्रण आरएसएस के हाथ होता है। संघ की इच्छानुसार इनकी वापसी या किसी अन्य परिवार संगठन की संगठनात्मक जिम्मेदारी भी दी जा सकती थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और फिलहाल इन्हें भाजपा में ही प्रदेश कार्यसमिति सदस्य के बतौर काम सम्भालना होगा। आज प्रदेश अध्यक्ष ने जिन छह संगठन मंत्रियों को नई जिम्मेदारी देने सम्बन्धी जो आदेश जारी किया है उसमें शैलेन्द्र बरुआ,आशुतोष तिवारी,जितेंद्र लिटोरिया, श्याम महाजन,जयपाल सिंह चावड़ा व केशव सिंह भदौरिया के नाम शामिल हैं। यहां प्रस्तुत है वह आदेश।
