श्रीनगर। पुलवामा में आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान में लगातार बढ़ते तनाव, अलगाववादियों की गिरफ्तारी और सोमवार को होने जा रही अनुच्छेद 35ए पर सुनवाई के बीच कश्मीर के आसमान में जंगी विमानों की उड़ानें और देर शाम स्वास्थ्य विभाग और खाद्य आपूर्ति विभाग की ओर से दवाओं के भंडारण और राशन वितरण के आपात आदेश जारी होने के बाद कश्मीर में किसी बड़ी कार्रवाई से पहले की तैयारियों को हवा दे दी।
दिनभर कश्मीर में अनुच्छेद 35ए को भंग करने और पाकिस्तान के खिलाफ जंग के एलान की खबरें चलती रहीं। इस बीच, मंडलायुक्त कश्मीर बसीर अहमद खान ने सभी जिला उपायुक्तों और सभी संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक में कश्मीर में राशन, ईंधन, रसोई गैस और अन्य आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि कहीं भी राशन, दवाओं या ईधन का अभाव न हो। इसके साथ ही कहा गया है कि रविवार को भी सभी राशन केंद्र खुले रखे जाएं, ताकि आम लोग राशन खरीद सकें।
जमायत-ए-इस्लामी व अन्य अलगाववादी संगठनों के नेताओं की गिरफ्तारी का सिलसिला शुक्रवार रात को शुरू हुआ था। इसके बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने केंद्रीय अर्द्धसैनिकबलों की 100 कपंनियों की कश्मीर में तैनाती का आदेश जारी किया। रात को जिस समय कश्मीर में लोग नींद में थे, पुलिस ने अलगाववादियों को हिरासत में शुरू कर दिया। सुबह जब लोगों की नींद खुली तो कई बड़े अलगाववादी नेता जेल में थे।
श्रीनगर हवाई अड्डे पर अर्द्धसैनिकबलों की टुकडि़यां एक-एक कर विशेष विमान से उतरने लगीं। इसी दौरान वायुसेना के जंगी विमान भी श्रीनगर टेक्नीकल एयरपोर्ट से अभ्यास उड़ानें भरकर अपनी युद्धक तैयारियों का जायजा लेने लगे। वायुसेना और सेना के ऑपरेशनल हेलीकॉप्टर भी आसमान में चक्कर काटने लगे।