उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने पूर्व सहयोगी भाजपा के साथ गठबंधन का संकेत दिया। 2019 तक योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली कैबिनेट में मंत्री रहे राजभर इन दिनों भाजपा की जमकर आलोचना कर रहे हैं। मंगलवार को यूपी बीजेपी अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह और पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह से मुलाकात के बाद उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक विशिष्ट मांगों को पूरा नहीं किया जाता है, तब तक गठबंधन नहीं हो सकता है।
राजभर ने कहा, “बीजेपी हमारे साथ गठबंधन करने की इच्छुक है। उन्हें लगता है कि फिर से सरकार बनाने के लिए हमारे साथ गठबंधन करना जरूरी है। अगर हमारी मांगें, एक पिछड़ी जाति के व्यक्ति को सीएम उम्मीदवार के रूप में घोषित करने सहित, पिछड़ी जातियों के लिए जनगणना, 33 प्रतिशत आरक्षण, सामान्य और अनिवार्य शिक्षा मुफ्त मांगों को मानती है, तो हम गठबंधन पर विचार कर सकते हैं।”
वहीं इस बीच राजभर के इस बयान के बाद सुहलेदव पार्टी की सहयोगी पार्टी AIMIM का बयान आया है। AIMIM के उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष शौकत अली ने कहा कि ‘जिस प्रकार दरिया के दो किनारे एक नही हो सकते, ठीक उसी तरह AIMIM और BJP भी एक नहीं हो सकते।’
गौरतलब है कि सुहलेदव पार्टी सुप्रीमो वर्तमान में 10-पार्टियों के गठबंधन ‘भागीदारी संकल्प मोर्चा’ का नेतृत्व कर रहे हैं, जिसमें असदुद्दीन ओवैसी की एआईएमआईएम, कृष्णा पटेल का अपना दल गुट, राष्ट्रीय पार्टी, राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी, जनता क्रांति पार्टी शामिल हैं।