कोरोनासिंगापुर में मिले नए स्ट्रेन से भारत में कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर आ सकती है और यह बच्चों को अधिक प्रभावित करेंेेगीगी सिंगापुर ने पहले ही दुनिया को सचेत कर दिया है उधर वायरस की संभावित तीसरी लहर से पहले केंद्र सरकार ने मंगलवार को अहम फैसला लिया है। सरकार जल्द ही भारत बायोटेक द्वारा बनाई जा रही कोवैक्सीन का बच्चों पर ट्रायल शुरू करने वाली है। आशंका है कि कुछ महीनों के बाद देश में महामारी की तीसरी लहर आ सकती है, जिसमें सबसे ज्यादा बच्चों पर असर पड़ेगा। इसको देखते हुए ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (डीसीजीआई) ने 2 वर्ष से 18 वर्ष की आयु के बच्चों पर कोवैक्सीन के दूसरे और तीसरे फेज के ट्रायल की मंजूरी दी थी।
नीति आयोग के मेंबर वीके पॉल ने बताया, ”डीसीजीआई ने कोवैक्सीन के दूसरे/तीसरे फेज के क्लीनिकल फेज के ट्रायल के लिए मंजूरी प्रदान की है। यह ट्रायल 2-18 साल की उम्र के बच्चों पर किया जाएगा। इस ट्रायल की शुरुआत आगामी 10-12 दिनों में हो जाएगी।” दरसअल, डीसीजीआई ने बीते गुरुवार को भारत बायोटेक को 2 से 18 साल की उम्र के बच्चों को वैक्सीन देने के लिए कोवैक्सीन के दूसरे और तीसरे फेज के लिए ट्रायल की मंजूरी दे दी थी। विशेषज्ञ समिति ने इस ट्रायल की सिफारिश की थी। बताया जा रहा है कि यह परीक्षण दिल्ली एवं पटना के एम्स और नागपुर स्थित मेडिट्रिना चिकित्सा विज्ञान संस्थान समेत विभिन्न स्थानों पर किया जाएगा। भारत बायोटेक 525 स्वस्थ वॉलंटियर्स के साथ यह परीक्षण करेगा।