मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुशीनगर हादसे को गंभीरता से लेते हुए तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया। साथ ही डिवाइन पब्लिक स्कूल के प्रबन्धक एवं प्रधानाचार्य करीम जहान खान पर एफआईआर कर कार्यवाही करने को कहा है। सीएम ने लापरवाही बरतने के आरोप में कुशीनगर के बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमन्त राव को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया है। इस दुर्घटना के लिए पूर्ण रूप से उत्तरदायी दुदही के खण्ड शिक्षा अधिकारी शेष बहादुर को भी निलम्बित किए जाने के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने कुशीनगर के एआरटीओ इन्फोर्समेण्ट राजकिशोर त्रिवेदी को भी निलम्बित करने को कहा है। उन्होंने परिवहन विभाग के यात्री कर अधिकारी रणवीर सिंह चैहान को दुर्घटना के उत्तरदायी पाए जाने पर निलम्बित करने के निर्देश दिए हैं।
बता दें कि कुशीनगर में दुदही रेलवे स्टेशन के पास मानव रहित बहपुरवा रेलवे क्रॉसिंग पर गुरुवार सुबह बच्चों को लेकर स्कूल जा रही वैन ट्रेन से टकरा गई थी। हादसे में 13 बच्चों की मौत हो गई, जबकि गंभीर रूप से घायल चार बच्चों और वैन मुख्यमंत्री ने बिना अनुमति व पंजीकरण के विद्यालय का संचालन करने के लिए डिवाइन पब्लिक स्कूल के प्रबन्धक एवं प्रधानाचार्य करीम जहान खान के विरुद्ध एफआईआरदर्ज कराते हुए विधिक धाराओं में कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए हैं। उन्होंने सेठ बंशीधर विद्यालय की जांच कराने के भी निर्देश दिए हैं, जहां से डिवाइन पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों के लिए टीसी की व्यवस्था की जाती थी।
मृतक आश्रितों को दो-दो लाख रुपये
सीएम ने हादसे में मृत बच्चों के परिजनों को 2-2 लाख रुपए तथा गम्भीर रूप से घायल बच्चों को 50-50 हजार रुपए की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया । प्रदेश सरकार द्वारा जिला प्रशासन, परिवहन विभाग आदि को सड़क सुरक्षा एवं सुरक्षित यातायात के लिए पहले से ही स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। योगी ने कहा कि भविष्य में इस प्रकार की घटनाएं रोकने के लिए भी पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे।
सीएम को जैसे ही हादसे की जानकारी मिली , वह अपने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम में फेरबदल कर तुरंत कुशीनगर पहुंच गये और घटना स्थल का दौरा किया। इसके बाद घायल बच्चों का हाल जानने वह गोरखपुर गये जहां उन्होंने बीआरडी मेडिकल कालेज गये। यहां इन बच्चों का इलाज चल रहा है। सीएम ने मृत बच्चों के शोक संतप्त परिजनों से मिलकर अपनी हार्दिक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने दुर्घटना के सम्बन्ध में अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त की तथा दुर्घटना स्थल एवं जिला चिकित्सालय का निरीक्षण भी किया