दमोह 3 अक्टूबर 2026/शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित बजरिया-7 कसाई मंडी और नूरी नगर-सीताबावरी क्षेत्र में शनिवार सुबह गोवंश के अवशेष मिलने के बाद हड़कंप मच गया। अवशेष मिलने की सूचना पर बड़ी संख्या में गौ सेवक और हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे। घटना को लेकर आक्रोश जताते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की गई। इसके बाद घंटाघर पर प्रदर्शन और चक्काजाम किया गया। देखते ही देखते शहर के बाजार बंद होने लगे। बाद में व्यापारी महासंघ ने भी बंद को समर्थन दे दिया, जिसके बाद घंटाघर और आसपास का बाजार पूरी तरह बंद रहा।
गर्भवती गाय के अवशेष मिलने का दावा, एक गाय को बचाने की बात
गौ सेवकों और विश्व हिंदू परिषद के पदाधिकारियों के अनुसार, कसाई मंडी क्षेत्र में एक गर्भवती गाय के अवशेष मिले हैं। वहीं एक अन्य गाय को मौके से बचाए जाने का दावा किया गया है। गौ सेवकों ने बताया कि बचाई गई गाय को वाहन से घंटाघर लाया गया, जहां कार्यकर्ताओं ने गौ माता के समर्थन में नारे लगाए और हनुमान चालीसा का पाठ किया। विश्व हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष अजय खत्री ने दावा किया कि जिस स्थान के आसपास पूर्व में भी गौहत्या की घटना सामने आई थी, उससे करीब 200 मीटर दूर खुले मैदान में शनिवार को फिर ऐसी घटना की सूचना मिली। उन्होंने प्रशासन से आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की।
घंटाघर पर चक्काजाम, बाजार बंद
घटना के विरोध में गौ सेवकों और हिंदू संगठनों ने घंटाघर पहुंचकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग कर कुछ समय के लिए मार्ग अवरुद्ध किया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। मौके पर पुलिस बल पहुंचा और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। प्रदर्शनकारियों ने दुकानदारों से प्रतिष्ठान बंद रखने का आग्रह किया। शुरुआत में व्यापारी महासंघ और प्रदर्शनकारियों के बीच बंद को लेकर कुछ देर विवाद की स्थिति बनी, लेकिन बाद में व्यापारी महासंघ ने बंद का समर्थन कर दिया। इसके बाद घंटाघर सहित आसपास के बाजारों में व्यापारियों ने दुकानें बंद कर दीं।
सीएसपी बोले- एक आरोपी पकड़ा, तीन संदिग्धों की पहचान
मामले में सीएसपी एचआर पांडे ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी। पुलिस ने मुखबिर तंत्र के आधार पर तीन संदिग्धों की पहचान की है और एक आरोपी को पकड़ लिया गया है। घटना में इस्तेमाल किए जाने वाले नीले रंग के ऑटो की जानकारी भी पुलिस को मिली है। सीएसपी के मुताबिक मामले में शामिल अन्य लोगों की तलाश की जा रही है और उन्हें भी जल्द पकड़े जाने की उम्मीद है। उन्होंने बताया कि हिंदू संगठनों की ओर से बाजार बंद करने का निवेदन किया गया था और बंद सांकेतिक रूप से किया गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों और व्यापारियों से समझाइश कर स्थिति को शांत बनाए रखने का प्रयास किया।
पुलिस ने अवशेष बरामद कर शुरू की जांच
सूचना मिलने पर कोतवाली टीआई मनीष कुमार और बजरिया चौकी प्रभारी राकेश पाठक पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मिले अवशेषों को कब्जे में लिया और मामले की जांच शुरू की। आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। पुलिस जांच में घटना के समय, स्थान और इसमें शामिल लोगों की भूमिका को लेकर तथ्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।