ग्वालियर में वीरांगना की समाधि पर नमन करने पहुंची कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी रेड कारपेट पर चलकर समाधि स्थल तक पहुंची ,अब सोशल मीडिया पर कांग्रेस की इस कारगुजारी को लेकर जोरदार बहस छिड़ गई है।
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के लंबे इतिहास में प्रियंका गांधी ऐसी पहली नेता थीं जिन्होंने वीरांगना की समाधि पर विधिवत जाने का निर्णय लिया था। इसको देशभर में बड़े पैमाने पर प्रचारित किया गया था। इसकी एक वजह यह भी थी कि वीरांगना को लेकर ग्वालियर के सिंधिया राजवंश का इतिहास विवादित रहा है चूंकि अब ज्योतिरादित्य सिंधिया कांग्रेस से भाजपा में जा चुके हैं इस कारण से कांग्रेस इसका राजनीतिक लाभ उठाने के प्रयास में जुटी हुई है वह अपरोक्छ रूप से लक्ष्मी बाई को लेकर ज्योतिरादित्य सिंधिया पर हमलावर होती दिखाई देती है इसको लेकर आज ग्वालियर में भी वीरांगना की समाधि के समीप सिंधिया को लेकर कुछ विवादित पोस्टर भी कांग्रेस के द्वारा लगाए गए थे।
इसी के चलते जब आज प्रियंका गांधी अपने ग्वालियर प्रवास के दौरान यात्रा की शुरुआत में वीरांगना की समाधि पर नमन करने पहुंची तो कांग्रेस ने समाधि स्थल तक उनके जाने के लिए पवित्र स्थली पर प्रियंका गांधी के चलने के लिए रेड कारपेट बिछा रखा था कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने मुस्कुराते हुए इस रेड कारपेट पर चलकर वीरांगना की समाधि स्थल पर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की ।अब इसको लेकर तरह-तरह की चर्चाएं जोर पकड़ गई हैं। सोशल मीडिया पर प्रियंका गांधी और कांग्रेस के इस कारनामे को जमकर ट्रोल किया जा रहा है लोगों का कहना है की शहीदों ने कांटों भरा मार्ग अपनाकर देश को आजाद करने के लिए अपने प्राण उत्सर्ग कर दिए उनकी समाधि पर पुष्पांजलि अर्पित करने के लिए किसी नेता का रेड कारपेट पर चल कर जाना कदापि उचित नहीं है। कांग्रेस ने फिलहाल इसपर चुप्पी साध ली है।