ग्वालियर /राज्यसभा सांसद व भाजपा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया रविवार को ग्वालियर प्रवास पर थे इस दौरान उन्होंने अस्पतालों का निरीक्षण भी किया। पहले वह जेएएच में बन रहे एक हजार बिस्तर के अस्पताल पहुंचे। यहां निर्माण कार्य देखा। साइट पर इंजीनियर से अस्पताल का मैप समझा। उन्होंने पूछा, एक हजार बिस्तर का अस्पताल तो ठीक है, लेकिन इसे इतना घुमा क्यों रहे हो, सीधा बनाओ। साथ ही, पूछा अंदर धूप आएगी? रोशनी आने के क्या इंतजाम हैं? उनके साथ ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिहं तोमर, स्वास्थ्य मंत्री प्रभुराम चौधरी भी मौजूद रहे।

इसके बाद वह मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां बाहर धूप में बैठकर पढ़ रहे कुछ छात्र-छात्राओं से बात की। उनसे कोविड के बारे में पूछा। एक छात्रा रिषिता व्यास ने बताया कि वह थर्ड ईयर की छात्रा है। उसके हाथ में जो बुक थी, उसे लेकर चेक किया। बुक फर्स्ट ईयर की थी। इस पर पूछा बुक तो थर्ड ईयर की नहीं है। तब छात्रा ने बताया कि थर्ड ईयर में भी इससे संबंधित कुछ सिलेबस रहता है। इसके बाद वह आगे बढ़ गए।
इसके बाद सिंधिया सिविल अस्पताल ग्वालियर पहुंचे। यहां दरवाजे पर डॉक्टरों और नर्स स्टाफ ने स्वागत किया। उन्होंने ड्यूटी कर रहे स्टाफ से बातचीत कर हाल जाना। अस्पताल में भर्ती मरीजों से मिले। उनके साथ आए अटेंडेंट से मुलाकात कर अस्पताल में दी जा रही सुविधाओं के बारे में पूछा। यही नहीं, यहां भीड़ में किसी ने ऑक्सीजन सिलेंडर गिरा दिया, तो सिंधिया ने बड़ी ही सादगी से उसे उठाया और उसके टूटे हिस्से को जोड़ने का प्रयास किया।