नगरीय निकाय चुनाव में बागियों से परेशान रहे भारतीय जनता पार्टी के ग्वालियर जिला अध्यक्ष कमल माखीजानी की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। चुनाव तो समाप्त हो गए लेकिन अब बॉयोडाटा लेते वक्त पार्टी जिला अध्यक्ष कमल माखीजानी द्वारा लिए गए दस दस हजार रुपए वापस करने की मांग उठाई गई है। यह मांग उठाई है स्वामी विवेकानंद मंडल के पूर्व उपाध्यक्ष अमित सूरी ने । सोशल मीडिया पर उन्होंने लिखा है कि

“मैं अमित सूरी भारतीय जनता पार्टी स्वामी विवेकानंद मंडल का पूर्व उपाध्यक्ष ग्वालियर महानगर जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी से कहता हूं कि उन्होंने जो 24 कार्यकर्ताओं को पार्टी से निष्कासित करने का जो आदेश जारी किया है वह पहले हम सभी कार्यकर्ताओं से जो चुनाव के लिए बायोडाटा लेते वक्त 10 -10 हजार रुपये लिऐ थे पहले वह हमें वापस करें उसके उपरांत यह कार्यवाही करने का हक है , हमारा पैसा भी मेहनत की कमाई का है मेरे द्वारा ₹10000 रुपए भारतीय जनता पार्टी के सह कोषाध्यक्ष के खाते में दिए गए थे जिसका छायाचित्र संगलन है!”
उलेखनीय है कि कमल माखीजानी ने ग्वालियर नगर निगम सीमा के 66 वार्ड में भाजपा के दावेदारों से बॉयोडाटा जमा कराए थे इसका एक वीडियो भी वायरल हुआ था जिसमें चुनाव लड़ने के इच्छुक भाजपा नेताओं के बायोडाटा जमा कराते वक माखीजानी दस-दस हजार रुपए जमा कराते नजर आए थे इसको लेकर कांग्रेस ने कलेक्टर से शिकायत करते हुए आचार संहिता का उल्लंघन निरूपित किया था साथ ही कहा था कि यह कृत्य आर्थिक अपराध की श्रेणी में आता है.
वहीं, सांसद विवेक शेजवलकर का कहना था कि जिस राशि की बात की जा रही है, वो पार्टी समर्पण निधि के नाम से कार्यकर्ताओं से ले रही है. इसमें किसी को कोई दिक्कत नहीं होनी चाहिए.
अब चुनाव निपटने के बाद एकबार पुनः यह मामला गर्माता दिख रहा है।