हाल ही में अमेरिका और कनेडा के आसमान में एक बेहद अनोखा नजारा दिखाई दिया. आसमान हरे रंग की रौशनी से नहा गया था. ये बेहद खूबसूरत नजारा असल में एक दुर्लभ घटना की वजह से दिखाई दिया था. पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र में एक दरार खुल गई थी
और यह करीब 14 घंटे तक खुली रही. इस छेद से कुछ शक्तिशाली सौर हवाएं निकलीं, जिससे एक भू-चुंबकीय तूफान (Geomagnetic storm) पैदा हुआ, जिसकी वजह से बेहद सुंदर औरोरा (Aurora) आसमान में फैला दिखाई दिया. पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र में यह दरार एक दुर्लभ घटना द्वारा बनी, जिसे को-रोटेटिंग इंटरेक्शन रीजन (CIR) कहा जाता है. सीआईआर बड़ी-बड़ी प्लाज्मा संरचनाएं हैं जो हेलियोस्फीयर के लो और मिड लैटिट्यूड वाले इलाकों में तब बनती हैं, जब तेज और धीमी गति से चलने वाली सौर हवा की धाराएं परस्पर क्रिया करती हैं. हेलियोस्फीयर सूरज के आसपास का वह क्षेत्र होता है जिसमें सूर्य का चुंबकीय क्षेत्र (Solar magnetic field) और सौर हवाएं होती हैं.
चुंबकीय क्षेत्र में दरारें होना सामान्य हैं
यह घटना 7 जुलाई के शुरुआती घंटों में हुई थी. विशेषज्ञों के मुताबिक, चिंता जैसी कोई बात नहीं है. पृथ्वी केचुंबकीय क्षेत्र में दरारें होना सामान्य हैं. चुंबकीय क्षेत्र सूर्य से निकलने वाले सौर तूफानों से हमें बचाने के लिए, ढाल की तरह काम करता है. माना जाता था कि ये दरारें बहुत जल्दी खुलती और बंद होती हैं, लेकिन अब यह पता चला है कि ये घंटों तक खुली रह सकती हैं.

