लखनऊ। उत्तर प्रदेश में योगी सरकार अब 50 साल उम्र बाले कर्मचारियों में से नाकारा को छाँटकर उन्हें नौकरी से बाहर का रास्ता दिखाने की तैयारी कर रही है। इसके प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है।
सरकार के सूत्रों का दावा है कि अब यूपी में पचास साल की उम्र पार कर चुके सभी कर्मचारियों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट इकट्ठी कर रही है जिसके जरिये वह बगैर कारण बताये ऐसे कर्मचारियों को नौकरी से बाहर का रास्ता दिखा देगी। इसकी वजह यह बतायी गयी है कि ऐसे कर्मचारियों को जबरियाँ सेवा निवृति दी जायेगी जो काम नहीं करते। प्रदेश के मंत्री श्रीकांत शर्मा ने इसकी पुष्टि करते हुए कहाकि 15 सालों से राज्य में कर्मचारी ,अधिकारियों में काम न करने की मानसिकता बन गयी है। अब सिर्फ ऐसे कर्मचारी ही रहनेगे जो काम करेंगे। उधर कर्मचारी संगठन सरकार के इस फैसले के खिलाफ एकजुट हो गए हैं।