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शिक्षा क्षेत्र में ग्वालियर को बड़ी उपलब्धि प्रोफेसर के के शर्मा एमपी-पीएससी में सदस्य नियुक्त

प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा को अध्यक्ष पद  पर नियुक्ति अभी तक थे कार्यवाहक अध्यक्ष

शिक्षा के क्षेत्र में आज शिवराज सरकार ने ग्वालियर को एक और उपलब्धि प्रदान की  भोपाल में हुई कैबिनेट की बैठक में  ग्वालियर के जानेमाने शिक्षा विद और वर्तमान में  राजा मानसिंह ताेमर संगीत कला व संगीत विश्वविद्यालय में रजिस्ट्रार के पद पर तैनात डॉ के के शर्मा को मप्र लोक सेवा आयोग (एमपी-पीएससी) में सदस्य नियुक्त किया है इसके अलावा कैबिनेट ने इंदौर में आयोग के कार्यवाहक अध्यक्ष का दायित्व संभाल रहे  प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा को अध्यक्ष पद  पर नियुक्ति की हरी झंडी प्रदान कर दी है कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद अब वे आयोग के अध्यक्ष के रूप में अपने दायित्व का निर्वहन करेंगे।

संगीतकला यूनिवर्सिटी में रजिस्ट्रार हैं केके शर्मा

कृष्णकांत शर्मा ने 1985 में साइंस कॉलेज से एमएससी में गोल्ड मेडलिस्ट हैं। 1999 में जीवाजी यूनिवर्सिटी से एमफिल और पीएचडी किया है। वर्तमान में केके शर्मा राजा मानसिंह ताेमर संगीत कला व संगीत विश्वविद्यालय में रजिस्ट्रार हैं। 33 वर्ष से सेवा में हैं। सबलगढ़, मुरार, मुरैना कॉलेज में सेवाएं दे चुके हैं। उसके बाद ग्वालियर के साइंस कॉलेज, केआरजी में प्रोफेसर रह चुके हैं।

जनवरी 2021 से आयोग के कार्यवाहक अध्यक्ष हैं प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा

एमपी-पीएससी से मिली जानकारी के मुताबिक प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा 1 जनवरी 2021 से आयोग में कार्यवाहक अध्यक्ष की भूमिका में है। इसके पूर्व 2017 से वे आयोग के सदस्य के रूप में नियुक्त रहे। वे करीब 3 साल तक आयोग के सदस्य रहे। प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा हिंदी के प्राध्यापक हैं। राष्ट्रीय सेवा योजना से भी जुड़े हुए हैं। वे हिंदी साहित्यकार भी है। उनका मालवी, निमाड़ी, लोक संस्कृति, लोक साहित्य के ऊपर रिसर्च भी कर चुके हैं। इसके अलावा वे समाजसेवा के क्षेत्र से भी जुड़े हैं।

राष्ट्रीय भाषा गौरव उपाधि से सम्मानित है प्रोफेसर

53 वर्षीय प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा मूलत: प्राध्यापक हैं। उन्होंने 21साल प्राध्यापक के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं। इसमें वे प्राध्यापक के रूप में रतलाम, महू सहित कई ग्रामीण क्षेत्रों के महाविद्यालयों में अपनी सेवाएं दी हैं। इसके बाद आयोग में 2017 से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पहले वे आयोग के सदस्य के रूप में इसके बाद कार्यवाहक अध्यक्ष के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

महू में जन्मे प्रोफेसर राजेश लाल मेहरा ने बीएससी., एम.ए. हिन्दी तथा हिन्दी विषय में पीएचडी की है। उन्होंने विभिन्न साहित्यिक पत्रिकाओं का सम्पादन कार्य किया। इसके अलावा वे राष्ट्रीय भाषा गौरव उपाधि से भी सम्मानित है।

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