कांग्रेस नेता और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को प्रवर्तन निदेशालय ने कथित शराब घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया है। इसके बाद ईडी ने चैतन्य बघेल को रायपुर कोर्ट में पेश किया है।
गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस के सभी विधायक नेता प्रतिपक्ष चरण दास महंत, भूपेश बघेल रायपुर जिला कोर्ट पहुंच रहे है। बता दें आज छत्तीसगढ़ विधानसभा सत्र का आखिरी दिन था। सत्र के बीच में ही ईडी की कार्रवाई को लेकर विपक्ष ने विधानसभा से वॉकआउट किया।
आज सुबह ही पूर्व सीएम के भिलाई आवास पर ईडी का छापा पड़ा था। भूपेश बघेल ने ट्वीट कर इस रेड की जानकारी दी थी।
भूपेश बघेल ने X पर पोस्ट कर लिखा था, ‘ED’ आ गई। आज विधानसभा सत्र का अंतिम दिन है। अडानी के लिए तमनार में काटे जा रहे पेड़ों का मुद्दा आज उठाना था। भिलाई निवास में ‘साहेब’ ने ED भेज दी है।
बता दें आज ही चैतन्य बघेल का जन्मदिन भी है। भूपेश बघेल ने एक्स पर लिखा, “जन्मदिन का जैसा तोहफ़ा मोदी और शाह जी देते हैं वैसा दुनिया के किसी लोकतंत्र में और कोई नहीं दे सकता। मेरे जन्मदिन पर दोनों परम आदरणीय नेताओं ने मेरे सलाहकार और दो ओएसडी के घरों पर ईडी भेजी थी। और अब मेरे बेटे चैतन्य के जन्मदिन पर मेरे घर पर ईडी की टीम छापामारी कर रही है। इन तोहफों का धन्यवाद। ताउम्र याद रहेगा।”
जानिए क्या है छत्तीसगढ़ का शराब घोटाला
छत्तीसगढ़ शराब घोटाला मामले में ED जांच कर रही है। ED ने ACB में FIR दर्ज कराई है। दर्ज FIR में 2 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा के घोटाले की बात कही गई है।
ED ने अपनी जांच में पाया कि तत्कालीन भूपेश सरकार के कार्यकाल में IAS अफसर अनिल टुटेजा, आबकारी विभाग के एमडी AP त्रिपाठी और कारोबारी अनवर ढेबर के सिंडिकेट के जरिए घोटाले को अंजाम दिया गया था।