देश के सबसे बड़े किसान संगठन में से एक भारतीय किसान संघ द्वारा खुद को किसान हड़ताल से अलग कर लिए जाने के बाद किसान आंदोलन में दरार पड़ गयी है। इसके साथ ही 10 दिवसीय हड़ताल के कमजोर पड़ने के आसार दिखने लगे हैं।
भारतीय किसान संघ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से प्रेरित राष्ट्रीय किसान संगठन है। इसके महासचिव मोहनी मोहन ने कहा कि विभिन्न राज्यों मैब की जा रही किसान हड़ताल राजनीति से प्रेरित है। इसका उद्देश्य हिंसा नजर आता है। उन्होंने कहा कि किसान हिट के मामलों में हम पूरी तरह साथ हैं लेकिन ऋण माफी जैसे मुद्दों पर हम सहमत नहीं हैं पूर्व में भी इसके परिणाम अच्छे नहीं रहे हैं।