Homeदेशसनातन धर्म की प्रसिद्ध पत्रिका 'कल्याण' के संपादक राधेश्याम खेमका का निधन

सनातन धर्म की प्रसिद्ध पत्रिका ‘कल्याण’ के संपादक राधेश्याम खेमका का निधन

शनिवार को धार्मिक पत्रिकारिता का एक बड़ा आधार स्तम्भ ढह गया यूपी के गोरखपुर स्थित गीता प्रेस के अध्यक्ष और सनातन धर्म की प्रसिद्ध पत्रिका ‘कल्याण’ के संपादक राधेश्याम खेमका का निधन हो गया है

. वे 87 साल के थे. राधेश्याम खेमका ने शनिवार की दोपहर वाराणसी के केदार घाट स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली. वे पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे.

राधेश्याम खेमका का अंतिम संस्कार हरिश्चंद्र घाट पर किया गया. मुखाग्नि उनके पुत्र राजा राम खेमका ने दी.

जानकारी के अनुसार पिछले करीब 40 साल से सनातन धर्म की प्रसिद्ध पत्रिका कल्याण के संपादक रहे राधेश्याम खेमका पिछले 15 दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे. तबीयत बिगड़ने पर उन्हें वाराणसी के ही रवींद्रपुरी इलाके में स्थित एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था.

बताया जाता है कि दो दिन पहले ही राधेश्याम खेमका को अस्पताल से केदारघाट स्थित आवास लाया गया था जहां उन्होंने शनिवार की दोपहर करीब 12.30 बजे अंतिम सांस ली. कई संतों के काफी निकट रहे राधेश्याम खेमका पिछले करीब 40 साल से सनातन धर्म की पत्रिका ‘कल्याण’ के संपादन का दायित्व निभा रहे थे. वे अपने पीछे भरापूरा परिवार छोड़ गए हैं.

उनके संपादन में कल्याण के 38 वार्षिक विशेषांक, 460 सम्पादित अंक प्रकाशित हुए। इस दौरान कल्याण की 9 करोड़ 54 लाख 46 हजार प्रतियां प्रकाशित हुईं। कल्याण में पुराणों एवं लुप्त हो रहे संस्कारों व कर्मकांड की पुस्तकों का प्रामाणिक संस्करण भी उनके राधेश्याम खेमका के संपादन में ही प्रकाशित हुआ।

राधेश्याम खेमका ने सबसे पहले वर्ष 1982 में नवंबर व दिसंबर के कल्याण अंक का संपादन किया था। उसके बाद वर्ष मार्च 1983 से वह लगातार संपादन का कार्य संभालते रहे। 86 वर्ष की उम्र में तबियत खराब होने के बावजूद उन्होंने अप्रैल 2021 तक के अंकों का पूरे उत्साह के साथ संपादन किया ह

राधेश्याम खेमका अपने पीछे पुत्र राजाराम खेमका, पुत्री राज राजेश्वरी, भतीजों गोपाल खेमका, कृष्ण कुमार खेमका व गणेश कुमार खेमका समेत भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके निधन से गीता प्रेस समेत धर्म-कर्म से जुड़े क्षेत्र के लोगों में शोक की लहर दौड़ गई। निधन की सूचना मिलने के बाद गीता प्रेस में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जिसमें प्रेस के कर्मचारियों ने उनकी आत्मा की शांति की प्रार्थना की। इस अवसर पर ट्रस्टी देवी दयाल अग्रवाल, माधव प्रसाद जालान, उत्पाद प्रबंधक डा. लालमणि तिवारी आदि मौजूद रहे।

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments