जम्मू-कश्मीर सरकार श्रीनगर के ऐतिहासिक हरि पर्वत किले के पास 100 फुट के तिरंगे का अनावरण करेगी। रिकॉर्ड समय में बना ये तिरंगा 10 अगस्त को देश को समर्पित किया जाएगा। भारतीय पूरातत्व विभाग (एएसआई) से रिकॉर्ड समय में मंजूरी मिलने के बाद भारतीय सेना और सौर उद्योग लिमिटेड द्वारा ध्वज तैयार किया गया है।
ध्वज के निर्माता मानते हैं कि यह तिरंगा गुलमर्ग में एक पर्यटक आकर्षण और इस खूबसूरत क्षेत्र में एक नया मील का पत्थर बनने की क्षमता रखता है। सोलर इंडस्ट्रीज इंडिया लिमिटेड के सीनियर आधिकारी रामित अरोड़ा ने बताया कि, ‘बड़ी उपलब्धियां छोटी चीजों से शुरू होती हैं। यह प्रतीकात्मक और प्रतिष्ठित झंडा कश्मीर घाटी में लगाया जाएगा। भारतीय सेना ने इसे प्रायोजित करने के लिए हमसे संपर्क किया। यह वास्तव में एक अच्छा प्रयास है। यह झंडा कश्मीर और पूरे भारत के लोगों को समर्पित है।’
हरि पर्वत किले पर राष्ट्रध्वज स्थापित करने की सहमति के बारे में डिप्टी डायरेक्टर आशिक हुसैन मलिक की ओर से जो आदेश जारी किया गया है। ‘चेयर ने इसपर काफी खुशी जाहिर की कि फ्लैग फाउंडेशन ऑफ इंडिया ने हरि पर्वत किले पर 100 फीट की ऊंचाई पर एक बड़े आकार का झंडा फहराने का प्रस्ताव दिया है। जो 24 फीट x36 फीट का होगा और संभागीय प्रशासन समेत सभी स्टेकहोल्डर्स, जैसे कि आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया, केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर, फॉरेस्ट डिपार्टमेंट, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, टूरिज्म डिपार्टमेंट से जरूरी लॉजिस्टिक सहायता मांगी गई है। ‘
अगर फ्लैग फाउंडेशन ऑफ इंडिया की पहल और जम्मू-कश्मीर प्रशासन की इच्छा के मुताबिक सबकुछ सही रहा तो इस स्वतंत्रता दिवस श्रीनगर के ऐतिहासिक हरि पर्वत पर 100 फीट की ऊंचाई पर तिरंगा लहराता नजर आएगा। इस किले पर राष्ट्रध्वज फहराने का मतलब ये होगा कि चाहे डल झील में हों या शहर में कहीं और, दूर-दूर से तिरंगा शान के साथ लहराता नजर आएगा।
कश्मीर के 19 इन्फैंट्री डिवीजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी) मेजर जनरल वीरेंद्र वत्स ने बताया कि ‘इस स्थान पर, 100 फीट लंबा एक राष्ट्रीय ध्वज स्थापित किया जाएगा। यह विकास उन कई प्रयासों के अनुरूप है, जिन्होंने योगदान दिया है कश्मीर की शांति और स्थिरता के लिए।’ फिलहाल प्रशासन ने संबंधित विभागों से जरूरी अनुमति की औपचारिकाताएं शुरू कर दी हैं और मंजूरी मिलते ही इस प्रस्ताव को अमलीजामा पहना दिया जाएगा।