भोपाल। जैसा की कयास लगाए जा रहे थे कि मध्यप्रदेश सरकार भी दिल्ली सरकार की तर्ज पर प्रदेश की जनता को राहत देते हुए बंद पड़े स्कूलों की फीस में 15 से 20 प्रतिशत की कटौती करने की आदेश जारी करेगी लेकिन मुख्यमंत्री ने आज ऐसी किसी भी राहत के संकेत नहीं दिए उन्होंने आज प्राइवेट स्कूलों द्वारा बढ़ाई जा रही है फीस के मामले में अपना फैसला सुना दिया है। उन्होंने कहा कि हम तीसरी लहर की संभावनाओं के कारण स्कूल खोलने का फैसला नहीं ले रहे हैं। ट्यूशन फीस इस साल बढ़ाई नहीं जाएगी, यह मेरे निर्देश हैं। तीसरी लहर की संभावना खत्म हुई तो हम स्कूल खोलने पर विचार करेंगे।
शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मुझे चिंता इस बात की है कि लोग आजकल बिना मास्क के ही बाहर घूम रहे हैं। जनता यह भूल जाती है कि हमने कितने कष्ट सहे हैं पिछले दिनों। हमें #COVID19 को एकबार फिर फैलने नहीं देना है। सीएम शिवराज सिंह चौहान प्रदेश के सभी कोविड प्रभारी मंत्री, अधिकारी, कर्मचारी एवं क्राइसिस मैनेजमेंट समूहों के सदस्यों को टीकाकरण एवं कोविड 19 की संभावित तीसरी लहर के नियंत्रण हेतु संबोधित कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटीज़ की ज़िम्मेदारी खत्म नहीं हुई है। हम ज़रूरी दवाइयाँ का स्टॉक करके रख रहे हैं। ऑक्सीजन प्लांट क्रियाशील हो रहे हैं।ऑक्सीजन टैंकर्स की व्यवस्था भी की जा रही है। आपका सहयोग भी हमें दूसरी ओर चाहिए। हम अस्पतालों में 75,000 बिस्तर तैयार रख रहे हैं। बच्चों के लिए अलग से वॉर्ड बनाए जा रहे हैं। मैं क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटी के सदस्यों से निवेदन करता हूँ कि आप अस्पतालों में जाकर व्यवस्थाएँ देखें।
राशन वितरण की निगरानी भी क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटी के सदस्य करें। राशन वितरण अच्छे से और बिना किसी गड़बड़ के होना चाहिए। हम टेस्टिंग जारी रख रहे हैं, इसके साथ ज़रूरी है कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग। पता लगने पर आइसोलेशन करना है जिससे संक्रमण न फैले।हमारा किल कोरोना अभियान चलता रहेगा।कमेटीज़ की ज़िम्मेदारी है कि किसी को बुखार आये तो वे सूचित करें ताकि हम दवा दे सकें।