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क्या ईरान के परमाणु ठिकानों पर बड़े हमले का संकेत है नेतन्याहू का यह बयान

नेतन्याहू ने अपने एक बयान में कहा है ईरान पर जारी  ऑपरेशन के अंत में इजरायल पर कोई परमाणु खतरा नहीं होगा और ना बैलिस्टिक खतरा का खतरा रहेगा.

इधर, इजरायल की तरफ से अमेरिका को साथ लाने की कोशिशों पर भी हर किसी नजरें टिकी हैं. 36 घंटे पहले तक नेतन्याहू अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सीधी सैन्य भागीदारी की पैरवी कर रहे थे, लेकिन अब उन्होंने कहा, यह फैसला राष्ट्रपति ट्रंप को करना है. वो अमेरिका का भला सोचेंगे और मैं इजरायल का. जरूरत पड़ी तो हम अकेले ही ये मिशन पूरा करेंगे. उन्होंने आगे कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति गेम को बेहतर समझते हैं.

काम से जवाब देना पसंद करता हूं’

नेतन्याहू ने आगे कहा, मैंने निर्देश दिया है कि कोई भी खुद को सुरक्षित ना समझे. मैं सुर्खियों से नहीं, काम से जवाब देना पसंद करता हूं. युद्ध के समय शब्दों का प्रयोग सावधानी से करना चाहिए और कार्रवाई सटीक होनी चाहिए.

हालांकि उन्होंने प्रेस में ज्यादा बोलने से इनकार कर दिया, लेकिन उनके शब्दों से ये साफ संकेत मिल रहे हैं कि अब खामेनेई खुद इजरायली जवाबी कार्रवाई के संभावित लक्ष्य हो सकते हैं.

नागरिकों को निशाना बना रहा ईरान

प्रधानमंत्री ने ये भी स्पष्ट किया कि इजरायल की कार्रवाई ईरान के परमाणु कार्यक्रम और मिसाइल भंडारण के खिलाफ है. जबकि ईरान आम नागरिकों के खिलाफ कार्रवाई कर रहा है. उन्होंने कहा, वो अस्पतालों को निशाना बना रहे हैं, जहां लोग भाग नहीं सकते. यही एक लोकतंत्र और हत्यारों के बीच फर्क होता है.

‘खामनेई का अस्तित्व खत्म करना है’

इजरायली रक्षा मंत्री इस्राइल काट्ज़ ने इससे भी आगे जाते हुए सार्वजनिक तौर पर कहा, आधुनिक हिटलर खामेनेई का अस्तित्व खत्म करना इस अभियान का लक्ष्य है. वो तानाशाह ना सिर्फ इजरायल के विनाश की विचारधारा फैलाता है, बल्कि अपने सारे संसाधन उसी के लिए लगाता है.

रक्षा मंत्री कात्ज ने कहा, हमले के लिए ईरानी सुप्रीम लीडर खामनेई जिम्मेदार और गुनहगार हैं. तानाशाह खामनेई को जिंदा रहने का हक नहीं है. उनका सफाया करना होगा. आज हम इस बात का सबूत देखते हैं कि वो अस्पतालों पर गोली चलाने का आदेश दे रहे हैं.

जंग में अब तक कितनी मौतें?

इजरायल ने भी गुरुवार को ईरान के आराक परमाणु ठिकाने पर बमबारी की. दोनों देशों की जंग में अब तक ईरान में 640 लोगों की मौत हो चुकी है और 1300 लोग घायल हुए हैं. इजरायल में 24 लोगों की मौत हुई है और 400 लोगों के घायल होने की खबर है.

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