अपने अहंकार को छुपाने के लिए
झूठ बोल रही है सिंधिया एंड कंपनी
अपनी नाकामी छुपाने के लिए सिंधिया ने नेशनल हाईवे के कार्यक्रम में आने से स्वयं मना किया था
भोपाल । गुना में आयोजित राष्ट्रीय राजमार्ग के कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री गड़करी और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह के सामने मंच पर कांग्रेस विधायक द्वारा व्यवधान पैदा करने की कोशिश को भाजपा ने कांग्रेस को अपनी नाकामी छुपाने का षडयंत्र निरूपित किया है।
प्रेस वक्तव्य में मध्यप्रदेश भाजपा के मीडिया प्रभारी लोकेंद्र पाराशर ने इस पूरे षड्यंत्र का खुलासा करते हुए कहा है कि गुना के सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया को नहीं बुलाने अथवा आमंत्रण पत्र में उनका नाम नहीं छापने को लेकर कांग्रेस जो दुष्प्रचार कर रही है ,वह अपनी नाकामी छुपाने और विकास कार्यों से ध्यान हटा कर प्रोपेगंडा करने का निंदनीय कृत्य है। सच तो यह है कि सिंधिया ने स्वयं कार्यक्रम में आने से पहले मना किया और बाद में यह सारा प्रोपेगंडा रचा।
गुना में गत दिवस केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी जी के मुख्य आतिथ्य में आयोजित राष्ट्रीय राजमार्ग के समारोह में सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने स्वयं आने से मना कर दिया था ।
श्री सिंधिया से गुना के प्रशासन ने कई बार संपर्क करने का प्रयास किया।
चूंकि वह मानसिकता से स्वयं को आम आदमी से ऊपर मानते हैं ,इसलिए उन्होंने प्रशासन का फोन भी नहीं उठाया ।
बाद में उनके पीए को यह सारा विषय बताया गया कि उनको राष्ट्रीय राजमार्ग के फोरलेन शिलान्यास समारोह में बतौर अतिथि उपस्थित रहना है।
तो पी ए के माध्यम से प्रशासन को सूचना दी गई सिंधिया जी इस कार्यक्रम में आने में असमर्थ हैं ।
इसके पश्चात ही राष्ट्रीय राजमार्ग के इस महत्वपूर्ण आयोजन के आमंत्रण पत्र छपवाए गए ।
स्वाभाविक है जिस व्यक्ति ने कार्यक्रम में आने से मना कर दिया हो उसका नाम आमंत्रण में नहीं हो सकता।
कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस विधायक महेंद्र सिंह सिसोदिया और अन्य लोगों ने जिस प्रकार से अभद्रता करने और कार्यक्रम की गरिमा को भंग करने का प्रयास किया ,इससे यह साफ जाहिर होता है कि सिंधिया का कार्यक्रम में आने से मना करना इस षड्यंत्र का हिस्सा था ।जिससे जनता को हंगामा करके गलत जानकारी पहुंचाई जा सके ।
दरअसल ऐसा करके सिंधिया ने इस बात से लोगों का ध्यान भटकाने का प्रयास किया कि वह वर्षों तक सांसद रहने के बाद भी वे इस राष्ट्रीय राजमार्ग का कार्य शुरू नहीं करा सके
जब गुना, देवास आदि स्थानों पर कांग्रेस के सांसद होते थे और कमलनाथ जी भूतल परिवहन मंत्री थे
तब भी नेशनल हाईवे के काम के लिए ना पैसा दिया गया ,ना कोर्ट में जो मामला चल रहा था उसको निपटाने के लिए कोई प्रयास किए गए।
दरअसल अगर वर्षों से यह काम रुका हुआ था तो उसके लिए सिंधिया एंड कंपनी और कांग्रेस के लोग ही जिम्मेदार हैं ।
यह बात कहीं जनता के बीच उजागर ना हो जाए इसलिए विषय को बदलने के लिए कांग्रेस ने यह स्क्रिप्ट लिख कर यह सारा उत्पात करने की कोशिश की ।
कांग्रेस के विधायक सिसोदिया ने मुख्य मंत्री और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के वाहन को रोकने का प्रयास किया ,यह आपराधिक कृत्य की श्रेणी में आता है ।
इसके बावजूद जब श्री सिसोदिया का नाम आमंत्रण पत्र में था ।वे मंच पर भी आए ,लेकिन मंच पर आने के बाद उन्होंने माइक को हाईजैक करने का प्रयास किया और जोर-जोर से नारे लगाने तथा अभद्रता पूर्वक बात करने की कोशिश की ।
तब सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें आग्रह पूर्वक मंच से जाने का को कहा ।
यह कांग्रेस की फितरत रही है कि जब भी कहीं कोई विकास कार्य होता है ,तब वह उससे लोगों का ध्यान भटकाने का प्रयास करती हैं ।
कांग्रेस ने इस पूरे प्रकरण में सफेद झूठ बोला है और इससे सिंधिया की घटिया राजनीति की पोल खुल गई है । सिंधिया का आलम तो यह है कि जब वे अपने संसदीय क्षेत्र में निकलते हैं तो भारतीय जनता पार्टी के विधायकों के ,भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश सरकार के ,भारतीय जनता पार्टी की केंद्र सरकार के हिस्सों के कामों की भी पट्टियां लगा लगा कर आगे बढ़ते हैं।
पिछले ही दिनों उन्होंने अशोक नगर के विधायक श्री पन्नालाल का जिस प्रकार से अपमान किया, वह लोग अभी तक भूले नहीं हैं।
यह पूरे देश की जनता जानती है कि कांग्रेस के लोग किस प्रकार लूट खसोट और अराजकता की राजनीति करते हैं।
आज उनके अंदर घबराहट है ,क्योंकि देश जिस तेजी से प्रगति कर रहा है ,जोरों से विकास के काम हो रहे हैं, उससे कांग्रेस को अपनी जमीन खिसकते दिखाई दे रही है ।
सिंधिया ने गुना में जो हरकत करवाई है और जिस प्रकार से सरकार के विरोध में प्रचार करने की कोशिश की है ।इसका परिणाम को आगामी चुनाव में भुगतना पड़ेगा।
अच्छा होगा सिंधिया जी अपनी राजतांत्रिक मानसिकता से बाहर आएं और लोकतंत्र में सर्व शक्तिशाली जनता को कहें कि मुझे माफ़ कर दो।
क्योंकि मैं इस नेशनल हाईवे का काम इतने वर्षों तक कांग्रेस की सरकार रहते हुए भी प्रारंभ नहीं करा सका।
इस नाते में जनता का अपराधी हूं।इसलिए मैंने अपनी नाकामी और अक्षमता छुपाने के लिए यह सारा उपद्रव कराया और यह सारा झूठ फैलाया। सच तो यह है कि मैं स्वयं ही इस आयोजन से बचकर अपनी लाज बचाना चाहता था।