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हजारों तरह के ये होते हैं आंसू,खुशी में भी आंखें भिगोते हैं आंसू

मुंबई 31अक्टूबर 2025/48.3 ओवर में अमनजोत कौर के चौके से भले ही भारत की फाइनल की टिकट पक्की हुई, लेकिन वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जीत की असल सूत्रधार तो जेमिमा रोड्रिग्ज ही थीं. मैच के बाद जेमिमा की आंखों से बहत झर-झर आंसू उनकी ‘तपस्या’ के गवाह थे. पूरा देश अपनी इस बेटी को रोते देख रहा था. सबको पता था कि ये जीत के आंसू हैं. उस जीत के आंसू जो सात बार की वर्ल्ड चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को हराकर फाइनल में पहुंचने से आए हैं.

हरमन पूरी टीम के साथ गले लगकर रोईं
‘लोकल गर्ल’ जेमिमा की 134 गेंद में 127 रन की नाबाद पारी मेहनत, धैर्य और हिम्मत से निकली. सिर्फ जेमिमा ही नहीं बल्कि डगआउट में मौजूद कप्तान हरमनप्रीत कौर भी खुद के आंसू रोक नहीं पाईं. हरमन शतक से चूक गईं वह 88 गेंद में 89 रन बनाकर आउट हुईं. वर्ल्ड कप के नॉकआउट मैच में यह उनकी लगातार तीसरी फिफ्टी थी.

जेमिमा आंसू पोछतीं रहीं बोलती रहीं
हरमनप्रीत कौर के बाद कैमरा एकबार फिर जेमिमा रोड्रिग्ज पर फोकस हुआ. जो आंसू बहाते-बहाते पिच पर जीत का जश्न भी मना रहीं थीं. पतली-दुबली कद-काठी वाली जेमिमा भले ही शक्ल से मासूम लगे, लेकिन ये उनकी मेच्योरिटी ही थी कि शतक बनाने के बाद उन्होंने अपनी सेंचुरी सेलिब्रेट नहीं की थी, क्योंकि उन्हें पता था कि अभी टास्क बाकी है.

जेमिमा-हरमन के बीच ऐतिहासिक साझेदारी
सात बार की चैंपियन ऑस्ट्रेलियाई टीम जो जीत के रथ पर सवार थी. 2022 वर्ल्ड कप से जिस टीम ने एक भी मैच नहीं गंवाया था, उसके खिलाफ 339 रन का लक्ष्य टारगेट चेज करना कोई आसान बात नहीं. जेमिमा ने अपनी पारी में 14 चौके मारे. तीसरे विकेट के लिए कप्तान हरमन के साथ 167 रन की रिकॉर्ड साझेदारी निभाई. भाग्य भी भारतीय टीम के साथ था. ऑस्ट्रेलियाई फील्डर्स ने कैच करने के कई मौके गंवाए, जिसका फायदा मेजबान टीम को मिला.

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