Homeप्रमुख खबरेंतुड़ाई से नहीं अधिकारियों के नाकारापन को दूर करने से होगा इस...

तुड़ाई से नहीं अधिकारियों के नाकारापन को दूर करने से होगा इस समस्या का समाधान

प्रवीण दुबे
मध्यप्रदेश में अभी विधानसभा चुनाव तीन साल दूर है अतः जनता को टेंशन देने शासन प्रशासन ने एकबार पुनः मास्टर प्लान के अंतर्गत सड़कें चौड़ी करने का जिन्न बोतल से बाहर निकाल लिया है,लगभग दो दशकों में कइबार जनता को तनाव देने के लिए ऐसा किया जाता रहा है, शहर को सुंदर और यातायात के लिए सुगम बनाने लिए सड़कें और बाजार चौड़े करने की बात की जा रही है लेकिन कड़वा सच तो यह है  स्थिति को इन्ही हालातों में सुगम बनाया जा सकता है लेकिन यह तभी संभव है जब स्थानीय प्रशासन पूरी ईमानदारी और मेहनत के साथ लगातार सड़कों पर उतरे और तय योजना के अनुसार काम करे।
लेकिन ऐसा लगता है कि स्थानीय प्रशासन शॉर्टकट से समस्या का समाधन चाहता है यह उसी प्रकार है जैसे कि शरीर का कोई अंग रोगग्रस्त होने पर उसके इलाज की जगह उसे काटकर अलग कर दिया जाए। सबसे बड़ा सवाल है कि शहर की सड़कों के सिकुड़ने तथा उन्हें यातायात के प्रतिकूल बनाने के पीछे का सच क्या है?
शहर के प्रमुख मार्गों बाड़ा,सराफा,दौलतगंज  बड़ा मुरार, किला चौक,सब्जी मंडी मार्ग,हजीरा,नयाबाजार,जिंसी नाला,शिंदे की छावनी,इंदरगंज,अचलेश्वर मार्ग आदि पर ट्रैफिक समस्या का मुख्य कारण अस्थायी अतिक्रमण है। दुकानदारों ने पहले तो माल बाहर रखकर सड़कों पर कब्जा कर रखा है। इसके बाद दुकानों के आगे वाहन भी खड़े रहते हैं।
ऐसे में सड़कों पर निकलने के लिए जगह कम बचती है। वर्तमान में शहर के अंदर सड़कों की चौड़ाई 8 से 10 मीटर है। कब्जा हो जाने के बाद यह 6 से 8 मीटर रह जाती है। अतिक्रमण हटाने के बाद दुकानदार धीरे-धीरे फिर सामान रखकर अतिक्रमण कर लेते हैं जिससे आवागमन में बाधा होती है।
इस अस्थाई अव्यस्था के लिए कौन जिम्मेदार है? किसने इस शहर को भगवान भरोसे छोड़ रखा है? यदि सड़कों पर,दुकानों पर अस्थाई अतिक्रमण हो रहा है,दुकानों के सामने वाहन खड़े हैं यातायात को बाधित करते हैं तो प्रशासन मूक दर्शक क्यों बना रहता ? क्यों समय रहते उनपर कठोर कार्यवाही नहीं की जाती ? शाम होते ही शहर के प्रमुख सराफा बाजार में मिडिल लाइन तक कारें यातायात को बाधित करती हैं इनमें अधिकांश अधिकारियों के परिवार वाले होते हैं,प्रशासन इसकी अनदेखी करता है उसकी हिम्मत नहीं की इन गाड़ियों का चालान कर दे।
प्रशासन को भली प्रकार यह मालूम है कि हाईकोर्ट ने महाराज बाड़े को नो व्हीकल जोन का निर्देश बहुत पहले से दे रखा है बावजूद इसके वाहन हटाना तो छोड़िये बाड़े को हाट में तब्दील कर दिया गया है सभी प्रमुख मार्केट टोपीबाजार,नजरबाग,सुभाष,गांधी मार्केट आदि के बाहर हाट लगती है यहां भीड़ के कारण जाम लगा रहता है क्या प्रशासन को यह दिखाई नहीं देता है।
कहने में कोई अतिश्योक्ति नहीं होना चाहिए कि ग्वालियर एक पुराना और व्यवस्थित सुविधा युक्त शहर था जिसे प्रशासन के नाकारापन ने बर्बाद कर रखा है जरुरत सड़कें चौड़ी करने की नहीं बल्कि व्यवस्थित करने की है।
अधिकारी तुड़ाई का शॉर्टकट निकालकर समस्या का समाधान निकालना चाहते हैं,सच तो यह है कि बाहर से आए अधिकारियों को ग्वालियर के पूरे भूगोल का ज्ञान ही नहीं होता,ग्वालियर की यातायात व्यवस्था को सुधारने यहां के मूल रहवासियों के साथ ग्वालियर के भूगोल को ठीक से समझा जाए तो समस्या को सुधारा जा सकता है।
पुराने लोगों का कहना है कि ग्वालियर में अधिकांश प्रमुख बाजारों से लगी लूप सड़कें मौजूद हैं जैसे कि शिंदे की छावनी पर नौगजा रोड, अचलेश्वर मार्ग पर रोशनीघर रोड,बाड़ा सराफा से लगी दानाओली, मोचाओली रोड,दौलतगंज के बगल का मार्ग दही मंडी जूता मंडी रोड आदि यही स्थिति पूरे शहर में हैं कभी यहां से लोग सुगमता से निकला करते थे आज इन सभी लूप सड़कों को आस्थाई अतिक्रमण ने घेर लिया है जिसका पूरा लोड मुख्य मार्गों पर पड़ने से शहर में जाम लगा रहता है,समस्या का समाधान तभी संभव है जब लोकल प्रशासन नगरनिगम आदि के अधिकारी कर्मचारी घूसखोरी छोड़ अपने सुखसुविधाओं से परिपूर्ण ऑफिसों से बाहर निकलकर अव्यवस्थाओं को ठीक करें नहीं तो आज तुड़ाई करके जो सड़कें चौड़ी कर दी जाएंगी वो कल फिर अस्थायी अतिक्रमण की चपेट में आकर शहर को बर्बाद कर देंगी।
गौरतलब है कि नगरीय क्षेत्र के 66 वार्डों और उसके आसपास के इलाके में मास्टर प्लान 2035 के तहत 80 फीट चौड़ी सड़कें प्रस्तावित की गई है जहां तुड़ाई होना है इनमें  महाराज बाड़ा से जनकगंज, मोर बाजार मार्ग, फालका बाजार मार्ग, लोहिया बाजार मार्ग, ​डीडवाना ओली मार्ग, माधवगंज-तारागंज-स्काउट चौराहा-खासगी बाजार, हुजरात मार्ग, कंपू बाड़ा मार्ग, दौलतगंज मार्ग, भारत टॉकीज से नौगजा रोड, किला गेट से घासमंडी कोटेश्वर रोड, लक्कड़खाना मार्ग, बंसत विहार मार्ग, चेतकपुरी-विजयानग-बसंत विहार, रामदास घाटी-घोसीपुरा-एबी रोड, गोला का मंदिर से सूर्य मंदिर रोड, महलगांव करोली रोड, एसपी आफिस से विवि मार्ग, शिंदे की छावनी-लक्ष्मण तलैया-शब्दप्रताप आश्रम, पाताली हनुमान मंदिर-कांचमिल बिरला नगर, छत्री बाजार, आर्दश मिल रोड, सैनिक पेट्रोल पंप तानसेन लिंक रोड, हजीरा चौराहा से किलागेट, वीसी हायर सेकेंड्री स्कूल, ओहदपुर मार्ग , एबी रोड से लक्ष्मीगंज मुक्तिधाम मार्ग, सनातन धर्म से हॉस्पीटल मार्ग, रामदास घाटी से रॉयल टॉकीज तक 18 मीटर के करीब सड़कों को चौड़ा किया जाएगा
RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments