अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने दावा किया है कि उसने एक ग्रह को खोज निकाला है जो पृथ्वी से चार गुना बड़ा है. इसे सुपर अर्थ कहा जा रहा है. सुपर अर्थ का वैज्ञानिक नाम रॉस 508बी है. नासा के मुताबिक, इस ग्रह पर महज 10.8 दिनों में एक साल बीत जाती है. यह सौर मंडल के बाहर तारे की परिक्रमा कर रहा है और अपने स्टार हैबिटेट जोन अंदर-बाहर हवा में तैर रहा है. ऐसे ग्रह को एक्सोप्लानेट कहा जाता है. यह एक्सोप्लानेट पृथ्वी से 37 प्रकाश वर्ष दूर है.
जिस तरह धरती सूर्य का चक्कर लगाती है, उसी तरह सुपर अर्थ एम-टाइप स्टार का परिक्रमा करती है. एम-टाइप स्टार अपनी तरह का सबसे आम तारा है जो सूर्य की तुलना में बहुत ज्यादा लाल, ठंडा और मंद है. इन्हें लाल बौना तारा या अंग्रेजी रेड डार्फ स्टार भी कहा जाता है. लाल बौने तारे पृथ्वी के सौर मंडल के आसपास प्रचुर मात्रा में हैं और आकाशगंगा में तीन-चौथाई तारे बनाते हैं. अंदाजा लगाया जा रहा है कि रॉस 508बी नाम वाली यह सुपर अर्थ अपनी सतह पर पानी बनाए रखने में सक्षम हो सकती है.