महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पर फेंक गया जूता
सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने पिछले 7 दिनों से जारी अपना अनशन गुरुवार शाम को खत्म कर दिया है. अनशन खत्म करते हुए अन्ना ने कहा कि सरकार ने उनकी मांगें मान ली हैं. वहीं, अन्ना ने धमकी दी कि अगर सरकार 6 महीने में इन मांगों पर कार्रवाई नहीं करती है तो वे फिर भूख हड़ताल करेंगे. अन्ना और उनके लोग इसे अपनी जीत बता रहे हैं, हालांकि अगर अन्ना के इस आंदोलन की तुलना उनके 2011 में दिल्ली और मुंबई के आंदोलन से करें तो यह काफी फीकी साबित हुई. ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि मजबूरी में तो अन्ना ने आंदोलन खत्म नहीं किया. जानें ऐसी वजहें जो इस ओर इशारा कर रही है: उधर एक अन्य घटनाक्रम में अन्ना से मिलने आये महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फ़नवीस पर जूता फेंका गया।