दिल्ली पुलिस ने सोमवार को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की ओर से संसद तक प्रस्तावित मार्च की ख़बरों के बीच स्पष्ट किया है कि ऐसे किसी भी विरोध मार्च या जुलूस के लिए न तो अनुमति मांगी गई है और न ही कोई अनुमति दी गई है.
प्रेस रिलीज़ जारी करके दिल्ली पुलिस ने चेतावनी दी है कि निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने वालों के ख़िलाफ़ भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 और अन्य संबंधित क़ानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी.
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे क़ानून का पालन करें, किसी भी अनाधिकृत मार्च या सभा में हिस्सा न लें और शांति एवं सुरक्षा बनाए रखने में सहयोग करें.
दिल्ली पुलिस ने एक बयान में कहा कि नई दिल्ली ज़िले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू है. इसके तहत जंतर-मंतर को छोड़कर, पूर्व अनुमति के बिना विरोध मार्च, जुलूस, प्रदर्शन और पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक है.
पुलिस के अनुसार, 20 जुलाई से संसद का सत्र शुरू हो रहा है. इसे देखते हुए आम लोगों की सुरक्षा, संरक्षित व्यक्तियों की सुरक्षा और महत्वपूर्ण सरकारी प्रतिष्ठानों की हिफ़ाज़त के लिए व्यापक और कड़े सुरक्षा इंतज़ाम किए गए हैं.